सड़क हादसे में पैर गंवाने वाले चालक को कोर्ट से राहत

Share News

80 फीसदी दिव्यांग हुए युवक को इंश्योरेंस कंपनी देगी 21.15 लाख का हर्जाना

न्यूज एंड नॉक संवाददाता

रुद्रपुर। सड़क हादसे में पैर गंवाकर 80 फीसदी दिव्यांग हुए एक युवक के मामले में अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। प्रथम अपर जिला न्यायाधीश आर.के. श्रीवास्तव की अदालत ने दावों और दलीलों को सुनने के बाद यूनाइटेड इंडिया इंश्योरेंस कंपनी बाजपुर को आदेश दिया है कि वह याचिकाकर्ता को 21.15 लाख रुपये का हर्जाना 7 फीसदी ब्याज के साथ भुगतान करे।

मूल रूप से लालू नगला, शहजादनगर, रामपुर, यूपी निवासी   हरिओम (28) ने अदालत में याचिका दायर की थी। हरिओम पेशे से चालक हैं और कृषि कार्य भी करते हैं। 30 मई 2023 को वह अपने परिचितों के साथ छोटा हाथी वाहन संख्या यूपी 22 एटी 6264 में बगवाड़ा मंडी से सब्जी भरकर बाजपुर जा रहे थे। कोतवाली इलाके में हाईवे किनारे वाहन स्वामी गाड़ी खड़ी कर कुछ लोगों का इंतजार कर रहा था, तभी अचानक तेज रफ्तार से आई एक डीसीएम वाहन संख्या यूके 18 सीए 6952 ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी।

इसमें वे और उनके तीन परिचित गंभीर रूप से घायल हो गए थे। आनन-फानन में उन्हें रुद्रपुर के एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ नाजुक हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें हायर सेंटर रेफर कर दिया। हादसे में हरिओम के पैर की स्थिति इतनी बिगड़ चुकी थी कि डॉक्टरों को उनका पैर काटना पड़ा, जिससे वे 80 फीसदी तक विकलांग हो गए।

याचिका में हरिओम ने बताया कि वह हर महीने करीब 20 हजार रुपये कमाते थे और अपने परिवार की जीविका चलाने में मुख्य सहारा थे। हादसे के बाद उनका काम पूरी तरह छूट गया। मामले की गहन सुनवाई के बाद प्रथम अपर जिला न्यायाधीश आर.के. श्रीवास्तव ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनीं और पीड़ित के पक्ष में फैसला सुनाते हुए इंश्योरेंस कंपनी को मुआवजा राशि सात फीसदी ब्याज के साथ देने का आदेश जारी किया।


Share News

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *